Tranding

इस्लामिक प्रदर्शनी का भव्य कार्यक्रम का हुआ आयोजन।

शहाबुद्दीन अहमद

बेतिया,पश्चिमी चंपारण, बिहार।

स्थानीय नगर थाना क्षेत्र के कालीबाग वार्ड नंबर 13 में अवस्थित,उर्दू गर्ल्स स्कूल हाई स्कूल,इमामबाडा में वर्क संस्था व अल-फलाह स्कूल बेतिया के संयुक्त प्रयास से एक शानदार इस्लामिक प्रदर्शनी का भव्य आयोजन किया गया,यह कार्यक्रम सुबह 10:30 बजे से आरंभ होकर 3.00 बजे तक चला,जिसमें सैकड़ो की संख्या में,छात्राएं,युवतियां,महिलाएं के अलावाअल-फलाह स्कूल की छात्राओं वर्क संस्था की महिलाओं ने इस्लाम की महत्वपूर्ण व बुनियादी बातों पर,उपस्थिति सभी विभिन्न मोहल्लों से आईं,छात्राओं, युवतियों,महिलाओं के बीच इस्लाम धर्म कीआवश्यक बुनियादी बातों,इबादतों,अच्छे कार्यों,आदेशों का माॅडल बनाकर समझाने,व्याख्या करने का काम किया गया। कार्यक्रम में सभी प्रस्तावकों ने बडे अच्छे ढंग,सरल भाषाओं में आए हुए महिलाओं को समझाया।इस इस्लामिक प्रदर्शनी में स्टॉल पर खड़े एक छात्रा ने इस्लाम के बारे में गलतफहमियों को बडे विस्तार व प्रमाण से माॅडल द्वारा निवारण किया,इसमें एक माॅडल में माता-पिता,अपने संतान के लिएआईना होते हैं के शीर्षक से दिखाया, समझाया गया,जिसमें यह बताया गया कि संतान वैसे ही करती है,जैसे कि माता-पिता को करते देखती है।इस आयोजन में छात्राओं ने उस गुफा को दिखाया जिसमें अंतिम ईशदूत,दुष्ट लोगों से बचने के लिए चले गए थे।एक माॅडल" अल्लाहु अकबर" के वास्तविक अर्थ से संबंधित था,जिसमें सूर्य,चंद्र,ग्रह की सहायता से अर्थ जैसेअपनी धुरी पर चलकर,दिन व रात, महीन, साल, गर्मी,ठंडा,बरसात का मौसम होता रहता है, इसको समझाया गया। इसके अतिरिक्त और भी कई माॅडल दिखाए गए,जो निम्नलिखित शीर्षक से थे। कुरान पढ़ना, समझना और इसपर अमल करना बहुत ही आसान है,धर्म केअंदर बहुत सारी समानताएं इस्लाम के पांच स्तंभ,नमाज सफलता का मार्ग,शिक्षा का सही ज्ञान,लाभदायक, हानिकारक,माॅल का सैर और मृतक को कफनाने के तरीका इत्यादि को बड़े ही अच्छे अंदाज में स्पष्ट तौर पर दर्शाया गया।विदित हो कि प्रत्येक वर्ष वर्क संस्था पूरे भारत में अंतिम ईशदूत के जन्म के अवसर पर,रबीउलअव्वल को करूणा माह के रूप में मनाता है,साथ ही करूणा का कार्य करता है। जैसे खाना खिलाना,पेड़ पौधे लगाना,सफाई करना,सहायता, चिकित्सा शिविर इत्यादि लगाना मुख्य उद्देश्य रहता है।अत:इस वर्ष भी करूणा माह को इस्लामी प्रदर्शनी के रूप में मनाया जारहा है।अल-फलाह स्कूल,बेतिया का यह शैक्षणिक कार्यक्रम,समाज के उत्थान के के लिए हमेशा सक्रिय रहकर कई तरह के कार्यक्रम का आयोजन करता है,जिसमे नुमाइश(प्रदर्शनी)का यह कार्यक्रम उसी के सहयोग से आयोजित किया गया।इस तरह के कार्यक्रम के आयोजन होने से पूरे शहरवासी तारीफ के पुल बांध दिए हैं,साथ ही नगर वासियों का कहना है कि इस तरह का आयोजन प्रत्येक वर्ष बृहद रूप से होनी चाहिए, ताकिछात्रों,युवतियों,महिलाओं को इस्लाम की बुनियादी बातों को प्रदर्शनी,मॉडल के माध्यम से अवगत कराया जा सके।

संवाददाता को इस कार्यक्रम में उपस्थित जनसमूह के छात्राओं युवतियों,महिलाओं ने बताया कि इस शहर में इस तरह का यह पहला इस्लामिक प्रदर्शनी का कार्यक्रम आयोजन किया गया,जो एक सराहनीय पहल है,इसकी जितनी भी प्रशंसा की जाए वह कम पड़ेगी, इसकेआयोजनकर्ताओं को शहर के नागरिकों की ओर से बहुत सारी बधाइयां व शुभकामनाएं देने की तांता लगा हुआ है।

इस मौके पर,सहयोग देने वाली छात्राओं में,रोजाना परवीन,सुमैया परवीन,सालेहा खातून,वर्क संस्था से,कुदसिया बेगम, इरशादआलम, निदेशक,अल्फलाह स्कूल, मौलाना नेयाजअहमद,मो गुफरान,मोअब्दुल्लाह, मोहम्मद आरिफ आलम, आफताब आलम,जावेद अहमद, कौसर कासमी इत्यादि की उपस्थिति सराहनीय रही।

Karunakar Ram Tripathi
99

Leave a comment

Most Read

Advertisement

Newsletter

Subscribe to get our latest News
Follow Us
Flickr Photos

© Copyright All rights reserved by India Khabar 2026