*दो सोनोग्राफी सेंटर्स के पंजीकरण हेतु बैठक में किया अनुमोदन*
*सोनोग्राफी सेंटर संचालक अधिनियम के प्रावधानों का पालन करें- डॉ आर.बी. कुरेले*
*अधिनियम के प्रावधानों के उल्लंघन पर नोटिस व रिमाइंडर जारी किए जाएंगे- डॉ. डी.के. सोनी*
डाॅ. रामजी शरण राय
दतिया, मध्यप्रदेश।
गर्भधारण पूर्व एवं प्रसूति पूर्व निदान तकनीक अधिनियम (PCPNDT Act) 1994 के तहत गठित जिला सलाहकार समिति समीक्षा व प्लानिंग बैठक का आयोजन सभागार कार्यालय, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी में आयोजित की गई।
आयोजित समीक्षा बैठक में समुचित प्राधिकारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर.बी. कुरेले, नोडल अधिकारी डॉ. डी.के. सोनी, डॉ. डी.के. गुप्ता बाल एवं शिशु रोग विशेषज्ञ, सुश्री निहारिका मीना सहायक संचालक जन सम्पर्क, डॉ मधुबाला गुप्ता स्त्री रोग विशेषज्ञ, जिला स्तरीय समिति सदस्य/ सोशल एक्टिविस्ट रामजीशरण राय व अधिनियम के अंतर्गत गठित मॉनिटरिंग समिति के डॉ. रचना गुप्ता स्त्री रोग विशेषज्ञ, मनोज गुप्ता एपीडियोलॉजिस्ट, सहित अन्य सदस्यगण उपस्थित रहे।
बैठक में अधिनियम के समुचित प्राधिकारी व मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर.बी. कुरेले ने कहा कि अधिनियम के प्रावधानों का अक्षरशः पालन करें अन्यथा वैधानिक कार्यवाही की जावेगी।
बैठक में एजेंडा प्रस्तुत करते हुए नोडल अधिकारी डॉ. डीके सोनी ने कहा कि अधिनियम के प्रावधानों उल्लंघन करने वालों को नोटिस व रिमाइंडर जारी किया जावेगा।
जिला स्तरीय समिति सदस्य सुश्री निहारिका मीना ने जिले के लिंगानुपात पर व्यापक जानकारी देते हुए विभिन्न स्तरों पर जागरूकता गतिविधियों को संचालित करने की बात कही। डॉ. डी.के. गुप्ता ने पूर्व में लिए गए निर्णयों पर प्रभावी कार्यवाही करने की बात कही। साथ ही अनुपयोगी मशीनों को समिति सदस्यों द्वारा शील्ड करने की बात कही। डॉ मधुबाला गुप्ता ने अधिनियम के अनुसार सेवाओं को विस्तारित करने की बात कही ताकि जरूरतमंदों को सेवा मिल सके।
जिला स्तरीय समिति सदस्य रामजीशरण राय ने पीसीपीएनडीटी अधिनियम में हुए प्रावधानों में बदलाव व फॉर्म-F के नियमित निरीक्षण व प्रस्तुत F फॉर्म के सत्यापन करने की जानकारी दी। अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार नोटिस उपरांत उत्तर न मिलने पर प्रभावी कार्यवाही की बात कही। आयोजित बैठक में मॉनिटरिंग समिति के द्वारा प्रस्तुत निरीक्षण-प्रतिवेदन डॉ. रचना गुप्ता व मनोज गुप्ता ने निगरानी में निकले विन्दुओं को समिति के समक्ष रखा गया।
नोटिस जारी होने वाले सेंटर संचालकों को अधिनियम के प्रावधानों उल्लंघन की प्रतिपूर्ति 7 दिवस के अंतर्गत करने हेतु नोटिस जारी करने हेतु सर्वसम्मति बनीं।
नोडल अधिकारी को प्राप्त आवेदन दो नवीन सोनोग्राफी सेंटर को पंजीयन की अनुशंसा की गई। इसके साथ ही जिला सलाहकार समिति के समिति व मोनिटरिंग टीम के पुनर्गठन की आवश्यकता जताई। वैधानिक प्रतिपूर्ति नहीं की गई ऐसे संचालकों को पुनः नोटिस जारी करने पर सहमति बनीं।समिति सदस्यों ने सेवाप्रदाताओं, सेंटर संचालकों का प्रशिक्षण कराने एवं सामुदायिक जागरूकता के प्रयास करने की सहमति बनीं। बैठक में डॉ भूपेश गुप्ता, एम &ई श्रीमती मीनाक्षी शर्मा, समाजसेवी एस आर चतुर्वेदी सहित समिति सदस्य उपस्थित रहे। उक्त जानकारी डॉ. डी.के. सोनी नोडल अधिकारी पीसीपीएनडीटी एक्ट दतिया ने दी।
IndiaKhabar is an independent online news portal committed to accurate, timely and responsible journalism.
© 2026 IndiaKhabar. All rights reserved.